कीटोपाख्यान। महाभारते अनुशासनपर्वणि। मोक्ष के मार्ग में कीट भी। ततःसालोक्यमगमद्ब्रह्मणोब्रह्मवित्तमः। अवापचपदंकीटःपार्थब्रह्मसनातनम्। स्वकर्मफलनिर्वृत्तंव्यासस्यवचनात्तदा।

Reply to this note

Please Login to reply.

Discussion

No replies yet.